नई दिल्ली : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत को बड़ा झटका देते हुए व्यापार छूट बंद करने का निर्णय लिया है. ट्रंप ने मंगलवार को अमेरिकी कांग्रेस को भारत के साथ जनरलाइज्ड सिस्टम ऑफ प्रेफरेंसेज (GSP) को खत्म करने के बारे में जानकारी दी. उन्होंने अमेरिकी संसद के स्पीकर को चिट्ठी लिखकर कहा कि अमेरिका भारत का कर्ज मुक्त देश का दर्जा खत्म करेगा. अमेरिका के इस कदम के बाद भारत से निर्यात होने वाला सामान पर टैक्स लगेगा. इससे भारतीय कंपनियों के कारोबार पर असर पड़ने की उम्मीद है.

भारत को ऊंची दर से टैक्स लगाने वाला देश बताया था
इससे पहले ट्रंप ने शनिवार को भारत को ऊंची दर से शुल्क लगाने वाला देश बताया था. साथ ही अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा था कि अमेरिका में आने वाले सामान पर बराबर शुल्क या कम से कम कोई शुल्क लगाना चाहते हैं. पिछले कई महीनों से अमेरिका और चीन के बीच चल रहे ट्रेड वार नरम रुख अपनाने के बीच ट्रंप ने कहा, 'भारत काफी ज्यादा टैक्स लगाने वाला देश है. वे हमसे बहुत टैक्स वसूलते हैं.' भारत जैसे देशों के साथ पिछले दिनों घरेलू, वैश्विक और द्विपक्षीय संबंधों समेत विभिन्न मुद्दों पर बात की थी.

हर्ले-डेविडसन का उदाहरण दिया था
ट्रंप ने हर्ले-डेविडसन बाइक का उदाहरण देते हुए कहा था 'जब हम भारत को मोटरसाइकिल भेजते हैं तो उस पर वहां 100 प्रतिशत का शुल्क लगाया जाता है. वे हमसे 100 प्रतिशत शुल्क लेते हैं लेकिन जब भारत हमें मोटरसाइकिल भेजता है तब हम उनसे कुछ भी शुल्क नहीं लेते हैं.' इसीलिए मैं इसे बराबर कर चाहता हूं या फिर कोई न कोई शुल्क लगाना चाहता हूं.

नए साल की शुरुआत में व्हाइट हाउस में आयोजित एक कार्यक्रम में पारस्पारिक तौर पर शुल्क लगाने का समर्थन करते हुए ट्रंप ने कहा था कि वह भारत के हर्ले-डेविडसन बाइक पर टैक्स को 100 प्रतिशत से घटाकर 50 प्रतिशत करने से संतुष्ट हैं. उन्होंने कहा था, 'हालांकि, यह कटौती पर्याप्त नहीं है लेकिन फिर भी ठीक है.' ट्रंप ने शनिवार को कहा कि वह भारत को सिर्फ उदाहरण के तौर पर पेश कर रहे हैं ताकि बताया जा सके कि अन्य देश किस तरह से अमेरिकी उत्पादों पर शुल्क लगा रहे हैं. अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, 'भारत 100 प्रतिशत का शुल्क लगाता है. हालांकि, मैं 25 प्रतिशत का शुल्क लगाने जा रहा हूं. इस कदम पर संसद में हंगामा हो रहा है.'