ग्वालियर। अमृत योजना का जो पौधा महापौर विवेक नारायण शेजवलकर ने अपने इस कार्यकाल में लगाया वह अब फल देने लगा है। उक्त उद्गार वसंत विहार रहवासी संघ के डॉक्टर जी एल भोजवानी द्वारा आज महापौर विवेक नारायण शेजवलकर के आज की चाय कार्यक्रम के दौरान महापौर का अभिनंदन करते हुए व्यक्त किए। कार्यक्रम के दौरान एमआईसी सदस्य धर्मेन्द्र राणा, वार्ड 58 के पार्षद एवं उपायुक्त एपीएस भदौरिया सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान महापौर शेजवलकर ने अपने उद्बोधन में कहा कि बसंत विहार, चेतकपुरी और माधव नगर की सीवर लाइन अमृत योजना से पूर्व गड्ढे में मिला करती थी। जब सीवर की समस्या का निराकरण होने का समय आया तब इस योजना की आलोचना शुरु हुई। उन्होंने कहा कि मुझे हर्ष है कि मेरे इस दूसरे कार्यकाल में संपूर्ण शहर में अमृत योजना के माध्यम से नागरिकों की पेयजल तथा सीवर संबंधी समस्या का शत प्रतिशत निराकरण पूर्ण होने जा रहा है। उन्होंने बताया कि अभी तक नगर निगम की उपलब्ध टंकियों से वार्ड में पानी टुकड़ों-टुकड़ों में आता था लेकिन अमृत योजना के तहत बनी 101 टंकियों से ऐसे सर्किट बनाए गए हैं जिसे सभी वार्डों में 10 मीटर ऊंचाई तक पानी बिना टिल्लू पंप के चढ़ेगा। ऐसा अमृत योजना की प्रमुख शर्तों में शामिल किया गया है, जहां आवश्यकता होगी वहां नई पाइप लाइन डाली जाएगी।
उन्होंने बताया कि वार्ड क्रमांक 58 में पेयजल सप्लाई के लिए 4 टंकियों से डीएमए तैयार किया गया है जिसमें चेतकपुरी, माधवनगर बलवंत भैया की कोठी और जयेन्द्रगंज की टंकी से इस एरिया में पानी देंगे। प्रत्येक टंकी पर एक बाल्ब लगाया जाएगा, ताकि टंकी का पानी एक निश्चित एरिया में ही सप्लाई हो। हरिशंकर पुरम हेतु नई टंकी दिसंबर तक बनकर तैयार हो जाएगी जो केवल हरिशंकर पुरम,  श्रीराम कॉलोनी में पानी देगी। इससे 8.5 किलोमीटर पानी की लाइन डाली जा रही है।
उन्होंने कहा कि अभी तक शहर की सीवर समस्या के लिए कोई भी सीवर ट्रीटमेंट प्लांट नहीं था। अमृत योजना के तहत शहर में चार सीवर ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जा रहे हैं। जिससे संपूर्ण शहर को जोड़ा जा कर शहर का पूरा सीवर ट्रीट किया जाएगा। शेजवलकर ने कहा कि यदि चंबल का पानी ग्वालियर नहीं भी आता है तो भी हम एक दिन छोड़कर भी यदि नागरिकों को पानी देंगे तो दूसरी मंजिल तक पर्याप्त पानी दे सकेंगे। भविष्य में यदि अमृत योजना सफल होती है और हम सभी टंकिया भरने में सफल हो जाते हैं तो इस योजना के तहत 24 घंटे 7 दिन पानी की सप्लाई भी की जा सकती है।
महापौर शेजवलकर ने कहा कि जब बच्चे के दांत निकलते हैं तो उसे थोड़ा दर्द तो होता है, अमृत योजना के तहत अगर पूरे शहर में पेयजल और सीवर लाइन बिछाने के लिए खुदाई की गई है हालांकि योजना में शामिल है कि 100 मीटर खोदने के बाद मरम्मत कर दी जाएगी, लेकिन यह प्रायोगिक धरातल पर संभव नहीं होता। मिट्टी के पर्याप्त जमाव के बाद ही सड़क बनाना उचित होगा। सड़कें खोदने से नागरिकों को जो परेशानी आ रही है उसे सहन करना होगा। एक बार इस योजना के पूर्ण हो जाने के बाद हम पूरी तरह से पेयजल और सीवर के संकट से मुक्त होंगे। दीर्घगामी सुख के लिए अल्पकालिक कष्ट सहने के लिए नागरिक सब्र रखें। अमृत योजना में जितनी सड़कें खोदी गई हैं। सभी की बरसात से पूर्व मरम्मत कराई जाएगी आवश्यक हुआ तो नई सड़कें भी बनाई जाएंगी।
अभिनंदन कार्यक्रम में भोजवानी ने कहा कि नागरिकों में अमृत योजना को लेकर जो भ्रांतियां थीं, भ्रांतियां दूर हुई है बस बसंत विहार जैसी कॉलोनी जो शहर की सुव्यवस्थित कॉलोनी मानी जाती है इसके सीवेज एक नाले में खुलता था परिणाम स्वरूप नागरिकों को हर सप्ताह जनप्रतिनिधियों को सीवर सफाई के लिए फोन करना पड़ता था। पिछले 2 माह में जब से अमृत योजना के तहत डाली गई ट्रंक सीवर लाइन में बसंत विहार चेतकपुरी माधव नगर इत्यादि इत्यादि क्षेत्रों की सीवर से क्षेत्र में सीवर सफाई की कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। कोई योजना जब प्रारंभ होती है तो उसका विरोध किया जाता है किंतु जब उस योजना के अच्छे परिणाम सामने आने लगते हैं तो जनप्रतिनिधियों का सम्मान करने का मन बनता है।
निरीक्षण के दौरान समाजसेवी श्रीलक्ष्मीचंद ठक्कर द्वारा सहारा हॉस्पिटल के सामने निगम की भूमि पर अधूरे पड़े पार्क के निर्माण कार्य को प्रारंभ कराए जाने की मांग की। जिस पर महापौर शेजवलकर द्वारा मौके पर मौजूद अधिकारियों से पार्क का निर्माण जो न्यायालय में प्रकरण के चलते रोक दिया गया था। तत्काल प्रारंभ कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जब तक कोई व्यक्ति न्यायालय का स्टे ऑर्डर लेकर नहीं आता है। जब तक पार्क का निर्माण जारी रखा जाए। उन्होंने एपीएस भदौरिया को निर्देशित किया कि पार्क निर्माण के संपूर्ण प्रकरण का अवलोकन कर पार्क की बाउंड्री वाल का निर्माण प्रारंभ कराएं।
महापौर शेजवलकर द्वारा हरिशंकरपुरम में मुक्तानंद आश्रम तथा दुर्गा पार्क की सफाई के निर्देश पार्क अधीक्षक मुकेश बंसल को दिए तथा दुर्गा पार्क में पाथवे बनाने का काम भी तत्काल प्रारंभ करने के निर्देश दिए। डोर टू डोर वाहन के प्रतिदिन निर्धारित समय पर ना आने को लेकर नागरिकों द्वारा महापौर शेजवलकर से शिकायत की गई। इस पर महापौर शेजवलकर ने सहायक स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देशित किया कि ईको ग्रीन कंपनी को नोटिस जारी करें तथा नगर निगम के सहायक स्वास्थ्य अधिकारी प्रतिदिन यह निरीक्षण करें कि किस क्षेत्र में डोर टू डोर वाहन समय पर नहीं पहुंच रहा है। उसके अनुसार ईको ग्रीन कंपनी की राशि काटे जाने के भी निर्देश दिये गये। आज की चाय के दौरान महापौर शेजवलकर का स्वागत समाजसेवी श्रीमती लक्ष्मी जैन ठक्कर, राजू सेठ, लेखराज, अजय कपूर, मनोहर लाल रोहिला, रवि पांडे तथा पवन गडफुले द्वारा किया गया।