भोपाल। राजधानी के बागसेवनिया थाना इलाके मे युवक द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या किये जाने का मामला सामने आया है। बताया गया है कि मृतक कि शादी कई साल बीत जाने के बाद भी उसके यहॉ कोई औलाद नही थी, जिसे लेकर वो मानसिक तनाव मे रहता था। मिली जानकारी के अनुसार रमेश विश्वकर्मा पिता रामनवमी बागसेवनिया इलाके मे स्थित आदि परिसर मे परिवार सहित रहता था। रमेश मिसरोद रोड पर स्थित पैथालॉजी सेंटर मे लैब टेक्निशियन का काम करता था। पुलिस ने बताया कि बीती दोपहर रमेश ने अपने घर मे फांसी का फंदा बनाकर उसपर झूल गया। परिवार वालो कि नजर पडने पर वो उसे तुरंत ही फंदे से उतारकर अस्पताल ले गये जहॉ डॉक्टरो ने उसे शुरुआती चेकअप के बाद ही मृत घोषित कर दिया। बाद मे अस्पताल से मिली सुचनाक के आधार पर पहुंची पुलिस ने मर्ग कायम कर उसके शव को पीएम के लिये मरचूरी भेज दिया। कारणो कि जाच मे जुटी पुलिस टीम ने बताया कि प्रांरभिक बातचीत मे परिवार वालो ने बताया कि रमेश कि शादी को दस साल हो गये थे, लेकिन उसके यहॉ कोई संतान नही होने के कारण वो काफी दुखी रहता था। रमेश ने इसके लिये काफी इलाज भी कराया लेकिन उससे भी कोई फायदा नही हुआ। आशंका जताई जा रही है कि इसी मानसिक तनाव के चलते उसने यह आत्मघाती कदम उठाया होगा। मामले मे पुलिस ने पीएम के बाद मृतक का शव परिवार वालो को सोपते हुए आगे कि छानबीन शुरु कर दी है। पुलिस मृतक के परिजनो के ब्यान दर्ज करेगी जिसके बाद ही खुदकूशी के असल कारणो का खुलासा हो सकेगा।